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नई दिल्ली, 5 सितंबर 2025:
शिक्षकों के सम्मान के प्रतीक शिक्षक दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशभर के शिक्षकों से एक विशेष आग्रह किया है — वे अपने विद्यालयों में “वोकल फॉर लोकल” अभियान को मजबूती से लागू करें और स्वदेशी उत्पादों को प्राथमिकता देने के लिए छात्रों को प्रेरित करें।

प्रधानमंत्री ने शिक्षकों को “गृहकार्य” के रूप में एक संदेश सौंपा:

“स्वदेशी को बढ़ावा दें, लोकल के लिए वोकल बनें।”


उद्देश्य क्या है?

इस पहल का मुख्य उद्देश्य है कि भारत के युवा मन और बालकों में स्वदेशी सोच, स्थानीय उत्पादों के प्रति सम्मान, और आत्मनिर्भरता की भावना विकसित हो। प्रधानमंत्री ने कहा कि ‘मेड इन इंडिया’ को केवल सरकार का नारा नहीं, बल्कि देशवासियों का जीवनमंत्र बनना चाहिए।


स्कूलों में क्या-क्या बदलाव लाने की अपील की गई?

प्रधानमंत्री ने शिक्षकों को निम्नलिखित सुझाव दिए:

1. कला और शिल्प की कक्षाओं में स्थानीय सामग्री का उपयोग

  • प्लास्टिक या विदेशी सजावटी वस्तुओं की जगह मिट्टी, बांस, खादी, पेपर माचे आदि जैसी भारतीय शिल्प पर आधारित सामग्री का प्रयोग करें।

2. स्थानीय उत्पादों से जुड़ी कहानियाँ और नाटक

  • छात्रों को स्थानीय हस्तशिल्प, परंपरागत खेल, खानपान और लोककथाओं से परिचित कराएं।

3. विद्यालय समारोहों में स्वदेशी थीम

  • सालाना उत्सवों, बाल मेले और प्रदर्शनी में ‘लोकल उत्पादों’ की स्टॉल और प्रदर्शन लगवाएं।

4. ‘वोकल फॉर लोकल’ पर प्रोजेक्ट्स और भाषण प्रतियोगिताएं

  • छात्रों से इस विषय पर प्रोजेक्ट बनवाएं, निबंध लेखन और भाषण प्रतियोगिताएं आयोजित करें।

‘वोकल फॉर लोकल’ का शैक्षिक महत्व

यह पहल न केवल आर्थिक आत्मनिर्भरता को बल देती है, बल्कि यह भी सुनिश्चित करती है कि बच्चे भारतीय विरासत, परंपराओं और स्थानीय प्रतिभाओं से जुड़ाव महसूस करें। इससे भारत की सांस्कृतिक विविधता को संजोने में भी सहायता मिलेगी।


सरकार की अपील

शिक्षा मंत्रालय जल्द ही इस अभियान के लिए एक राष्ट्रीय दिशानिर्देश (National Framework) जारी करेगा, जिसमें:

  • स्थानीय संसाधनों की सूची
  • अभ्यास सामग्री
  • कार्यशालाओं और प्रशिक्षणों की रूपरेखा
    शामिल होगी।

शिक्षक क्या कर सकते हैं?

  • छात्रों को भारतीय वैज्ञानिकों, शिल्पकारों, ग्रामीण उद्यमियों की कहानियाँ सुनाएं।
  • स्कूल के आसपास के क्षेत्रों की स्थानीय विशेषताओं को शिक्षण पद्धति में शामिल करें।

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