In Mexico City, axolotls are everywhere before the World Cup, except in the wild

मेक्सिको सिटी: एक्सोलोटल की अपार क्यूटनेस और लगभग अन्य दुनिया के जानवर जैसी उपस्थिति के बावजूद, इस क्रिटिकली एंडैंगर्ड जानवर की छवि का उपयोग कुछ स्थानीय निवासियों में आलोचना का कारण बन रहा है। मेक्सिको सिटी के कई लोग मानते हैं कि इस जानवर को पॉप कल्चर में इस प्रकार प्रस्तुत किया जा रहा है कि यह राजधानी शहर की संरक्षण संबंधी गंभीर कमी को छिपाने का जरिया बन गया है।

वर्ष 2026 के विश्व कप की तैयारियों के मद्देनजर, एक्सोलोटल की तस्वीरें और मूर्तियां शहर के कई हिस्सों में नजर आ रही हैं। हालांकि इसे देखने वाले पर्यटक और प्रशंसक इसकी खासियत पर मोहित होते हैं, वहीं स्थानीय संरक्षणविद और पर्यावरण के प्रति जागरुक नागरिक चिंता जता रहे हैं कि राजधानी में इस प्रजाति की प्राकृतिक आवासों की संरक्षण व्यवस्था असंतोषजनक है।

विशेषज्ञों का कहना है कि एक्सोलोटल, जिसे ‘मेक्सिको का पानी का अजगर’ भी कहा जाता है, ताजे पानी के कुछ विशिष्ट स्थानों में ही पाए जाते हैं, जो तेजी से घट रहे हैं। लेकिन शहर में इसके संदर्भ में दिखाए जाने वाले चमकीले और आकर्षक चित्र इसे केवल एक लोकप्रिय प्रतीक बनाकर छोड़ते हैं, जबकि असल में इसका संरक्षण उचित तरीके से नहीं हो रहा।

स्थानीय संरक्षण संगठन ‘सेव द एक्सोलोटल’ के सदस्य मारिया गोंजालेज बताती हैं, “यह जानवर बहुत संवेदनशील है और जंगली में इसके अस्तित्व के लिए खतरा बढ़ता जा रहा है। लेकिन शहर में उसकी उपस्थिति को केवल एक सजावटी और प्रचार का हिस्सा बनाया जा रहा है। इससे सरकारी प्रशासन की संरक्षण नीतियों पर सवाल उठते हैं।”

मेक्सिको की राजधानी में तेजी से बढ़ती शहरीकरण, जल प्रदूषण और जल स्रोतों का क्षरण एक्सोलोटल के प्राकृतिक निवासों के लिए बड़ा खतरा बने हुए हैं। सक्रिय नागरिक समूह और वैज्ञानिक भी स्थानीय प्रशासन से अपील कर रहे हैं कि वे इस महत्वपूर्ण प्रजाति के प्रति अधिक गंभीर और जिम्मेदार संरक्षण कदम उठाएं।

हालांकि एक्सोलोटल की तस्वीरें विश्व कप जैसे बड़े आयोजन के दौरान मानवता, संस्कृति और विशिष्टता का प्रतीक हो सकती हैं, लेकिन उनकी वास्तविक संरक्षण स्थिति पर बहस जरूरी है। यह केवल एक प्यारा जानवर नहीं है, बल्कि एक संकटग्रस्त प्रजाति है जिसे बचाने के लिए ठोस योजनाएं और कार्य आवश्यक हैं।

इस बीच, मेक्सिको सिटी के पर्यावरण विभाग ने कहा है कि वे संरक्षण प्रयासों को बढ़ावा देने के लिए नए कार्यक्रम शुरू कर रहे हैं, जिनमें जलीय संसाधनों का संरक्षण, जागरूकता अभियान और स्थानीय समुदायों को शामिल किया जाएगा। लेकिन विश्लेषकों का कहना है कि ये कदम अभी भी अपर्याप्त हैं और वास्तविक सुधार के लिए तत्काल और प्रभावी उपायों की जरूरत है।

निष्कर्षतः, एक्सोलोटल की लोकप्रिय छवि मेक्सिको सिटी की सांस्कृतिक पहचान का हिस्सा बन चुकी है, लेकिन साथ ही वह संरक्षण और जागरूकता का एक महत्वपूर्ण विषय भी है। आने वाले समय में इसका सही संरक्षण न केवल स्थानीय जैव विविधता के लिए, बल्कि पूरी दुनिया के लिए बड़ी उपलब्धि होगी।

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