चेन्नई, 10 जून 2026: भारतीय सिनेमा के दिग्गज निर्देशक भरथिराज का बुधवार को चेन्नई में निधन हो गया। वह 84 वर्ष के थे और तमिल फिल्म उद्योग में उन्होंने अपनी अमिट छाप छोड़ी। उनके निधन से फिल्म जगत में गहरा शोक व्याप्त है।
भरथिराज का जन्म 1941 में हुआ था। उन्होंने तमिल सिनेमा को नई दिशा दी और ग्रामीण जीवन की सच्चाईयों को पर्दे पर खूबसूरती से प्रस्तुत किया। उनकी फिल्मों ने समाज के विभिन्न पहलुओं पर महत्वपूर्ण प्रकाश डाला और कई बार नए प्रतिभाशाली कलाकारों को भी मंच प्रदान किया।
भरथिराज की कुछ प्रसिद्ध फिल्मों में ’16 वें सालगिरह’, ‘संद्या’, ‘नाचनल’, और ‘ओरु कडीलाई’ शामिल हैं, जिन्होंने तमिल सिनेमा में एक स्थायी विरासत बनाई। उनकी फिल्में न केवल दर्शकों के बीच लोकप्रिय रहीं, बल्कि फिल्म आलोचकों ने भी उनकी सराहना की।
फिल्म जगत में उनके योगदान को कई पुरस्कारों से सम्मानित किया गया। वह अपनी संवेदनशील कहानी कहने की कला और जमीनी स्तर की संवेदनाओं को चित्रित करने के लिए याद किए जाते हैं। भरथिराज का जाना तमिल फिल्म उद्योग के लिए एक अपूरणीय क्षति है।
उनके निधन पर कई फिल्म कलाकारों, निर्देशक और अन्य महत्वपूर्ण हस्तियों ने शोक संदेश जारी किए और उन्हें याद करते हुए उनकी फिल्मों का महत्व बताया। चेन्नई में उनका अंतिम संस्कार तय समय पर संपन्न होगा।
भरथिराज की विरासत आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा स्रोत बनी रहेगी। उनके कार्यों ने तमिल एवं भारतीय सिनेमा को एक नया आयाम दिया है। परिवार, मित्रों और प्रशंसकों के प्रति गहरी संवेदनाएं प्रकट की जाती हैं।

















































































































